सुरेन्द्र अग्निहोत्री
लखनऊ। किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (KGMU), लखनऊ के ओरल एंड मैक्सिलोफेशियल सर्जरी (OMFS) विभाग में तीन वर्षीय कृष्णा के निचले जबड़े के दाहिने हिस्से में मौजूद लगभग 9×8.5 सेंटीमीटर के बड़े ट्यूमर को सफलतापूर्वक ऑपरेशन कर निकाल दिया गया।
परिवार के अनुसार, कृष्णा को खेलते समय गिरने से चोट लगी थी। इसके बाद उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल, हमीरपुर ले जाया गया। स्थानीय स्तर पर आवश्यक उपचार उपलब्ध न होने के कारण कृष्णा को बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा है और जिला अस्पताल से हायर सेंटर भेजा गया , कई शहरों में चक्कर काटने के बाद कोई भी इतने छोटे बालक और इतने बड़े ट्यूमर का ऑपरेशन करने को तैयार हुआ फिर वह लखनऊ रेफर किया गया।
बच्चे की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। परिवार के अनुसार, कृष्णा की देखभाल उसकी मां अकेले करती हैं और इलाज के लिए उसके मामा उसे KGMU लेकर पहुंचे।
KGMU के OMFS विभाग में जांच के दौरान कृष्णा के निचले जबड़े के दाहिने हिस्से में बड़े ट्यूमर की आशंका जताई गई। इसके बाद उसे आगे की जांच और उपचार के लिए विभाग में भर्ती कराया गया।
21 अक्टूबर 2026: कृष्णा को OMFS विभाग के वार्ड में भर्ती किया गया। जांच के दौरान उसके चेहरे के दाहिने निचले हिस्से में लगभग 9×8.5 सेंटीमीटर आकार की बड़ी सूजन/ट्यूमर दिखाई दी।26 अक्टूबर 2026: आवश्यक जांच एवं शल्य चिकित्सा की तैयारी के बाद प्रोफेसर डॉ हरी राम की टीम ने ऑपरेशन कर ट्यूमर को सफलतापूर्वक निकाल दिया। पीडियाट्रिक सर्जरी के विभागाध्यक्ष डॉ जे डी रावत और डॉ आनंद पांडे भी
सर्जिकल टीम – प्रोफेसर हरी राम , प्रोफेसर जे डी रावत प्रोफेसर आनंद पांडे।
सीनियर रेजिडेंट -डॉ. पूनम,डॉ. भावना एवं डॉ. अपेक्षा
जूनियर रेजिडेंट डॉ. अभिनव, डॉ. अनिका एवं डॉ. शफीक शामिल रहे।
एनेस्थीसिया टीम का नेतृत्व प्रो. डॉ. प्रेम राज ने किया, डॉ. दीपाली, डॉ. अनुष्का एवं डॉ. एंजेल ने सहयोग किया।
OT- माया राजपूत, रामदेव नंद लाल राकेश अरविंद
ऑपरेशन के बाद मरीज को पीडियाट्रिक्स विभाग में डॉ नीरज आनंद को देखरेख में आईसीयू भेजा गया ।
डॉ हरि राम ने कुलपति डॉ सोनिया नित्यानंद को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने पर आभार व्यक्त किया

